टाटा मुंबई मैराथन में देशभर से 15 चाइल्डहुड कैंसर सर्वाइवर लेंगे हिस्सा
By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: January 16, 2026 16:40 IST2026-01-16T16:40:02+5:302026-01-16T16:40:58+5:30
पूरे भारत में इलाज, पोषण, शिक्षा, काउंसलिंग, पैलिएटिव केयर और सर्वाइवर एम्पावरमेंट के अपने होलिस्टिक मॉडल को सपोर्ट करना है।

Marathon
मुंबईः 22 साल की औसत आयु के 15 चाइल्डहुड कैंसर सर्वाइवर (बचपन में कैंसर से जंग जीत चुके लोग) रविवार, 18 जनवरी को टाटामुंबई मैराथन (टीएमएम) में हिस्सा लेंगे। लगातार 16वें साल कैनकिड्स इस ऐतिहासिक मैराथन में हिस्सा लेगा। इसमें चाइल्डहुड कैंसर सर्वाइवर, कैनकिड्स की लीडरशिप टीम, कॉरपोरेट पार्टनर और वॉलंटियर्स शामिल होंगे। अलग-अलग वर्ग के 15 चाइल्डहुड कैंसर सर्वाइवर्स की यह टीम ऐसे लोगों के लिए मजबूत संदेश देने वाली है, जो अभी इस गंभीर बीमारी से लड़ रहे हैं। इन सर्वाइवर्स में से एक हैं विकास।
उन्हें बचपन में रेटिनोब्लास्टोमा हुआ था, जिससे उनकी एक आंख की रोशनी चली गई। कई सर्जरी और कई राज्यों में घूमने के बाद उन्हें अंतत: मुंबई में इलाज मिला, जिसने उनका जीवन बचाया। पूरे इलाज के दौरान कैनकिड्स की तरफ से उन्हें समर्थन मिला था और अब वह कैनकिड्स मुंबई कैनशाला के साथ मिलकर काम करते हैं और इलाज के दौरान बच्चों को उनकी पढ़ाई जारी रखने में मदद करते हैं।
टीएमएम 2026 में कैनकिड्स की तरफ से एक विजुअल ट्रिब्यूट भी होगा। रनर्स अपने हाथों में संदेश लिखी तख्तियां लेकर दौड़ेंगे। इनमें एक बच्चे की तस्वीर और उसका सपना लिखा होगा, जैसे वह डॉक्टर, एस्ट्रोनॉट, गायक, अध्यापक या सैनिक बनना चाहता है। जहां एक तरफ ये तख्तियां उम्मीदों की एक चलती-फिरती गैलरी हैं,
वहीं कैनकिड्स जोन, एक शानदार होप टाइल्स वॉल – ‘सपनों से भरी टाइल्स का एक मोजेक’ - इस बात की याद दिलाएगा कि यह दौड़ क्यों जरूरी है। रनर्स द्वारा फहराया गया एक बड़ा होप टाइल्स बैनर कैंसर से पीड़ित हर बच्चे को फिर से सपने देखने का मौका देने की सामूहिक प्रतिबद्धता का प्रतीक होगा।
कैनकिड्स की लीडरशिप टीम मैराथन की तैयारी से लेकर रेस के दिन तक सर्वाइवर्स और सपोर्टर्स के साथ जुड़ी रहेगी। संस्थान के विजन के बारे में बात करते हुए कैनकिड्स की संस्थापक, चेयरपर्सन और कैंसर सर्वाइवर पूनम बगई ने कहा: “हमारा मिशन भारत में कैंसर से पीड़ित हर बच्चे के लिए एक इंटीग्रेटेड इलाज और देखभाल का मॉडल बनाकर इलाज, शिक्षा और सरकार के बीच के गैप को खत्म करना है। टाटा मुंबई मैराथन इस सफर को मजबूत बनाता है। यह हमें एक राष्ट्रीय प्लेटफॉर्म देता है, जहां सर्वाइवर्स रास्ता दिखाते हैं और हमें याद दिलाते हैं कि उम्मीद डर से ज्यादा मजबूत है।”
टीएमएम 2026 के जरिये कैनकिड्स का मकसद बच्चों को होने वाले कैंसर के बारे में देशभर में जागरूकता बढ़ाना, जल्दी जांच को बढ़ावा देना, इलाज तक पहुंच बढ़ाना और पूरे भारत में इलाज, पोषण, शिक्षा, काउंसलिंग, पैलिएटिव केयर और सर्वाइवर एम्पावरमेंट के अपने होलिस्टिक मॉडल को सपोर्ट करना है।