शरीर कई प्रकार कि कोशिकाओं से बना है। यह कोशिकाएं शरीर में बदलावों के कारण बढ़ती रहती हैं। जब ये कोशिकाएं अनियंत्रित तौर पर बढ़ती हैं और पूरे शरीर में फैल जाती हैं, तब यह शरीर के बाकि हिस्सों को अपना काम करने में दिक्कत देती हैं। जिससे उन हिस्सों पर कोशिकाओं का गुच्छा सौम्य गांठ या ट्यूमर बन जाता है। इस अवस्था को कैंसर कहते हैं। यही ट्यूमर घातक होता है और बढ़ता रहता है। कैंसर के विभिन्न प्रकार, सर्वाइकल कैंसर, ब्लैडर कैंसर, कोलोरेक्टल कैंसर, स्तन कैंसर, ब्रेन ट्यूमर, एसोफैगल कैंसर, पैंक्रियाटिक कैंसर, बोन कैंसर हैं। Read More
दिल्ली स्टेट कैंसर इंस्टिट्यूट से डॉ. आकांक्षा सिन्हा (सीनियर रेजिडेंट, डीएसजीआई), डॉ. संगिनी कुमार (सीनियर रेजिडेंट, हेड एंड नेक) एवं डॉ. प्रियंका शर्मा (सीनियर रेजिडेंट, क्लिनिकल ऑन्कोलॉजी) की भी कैम्प में भागीदारी रही। ...
यह संवाद भले ही फिल्मी हो, लेकिन जो लोग पुष्पा सिंह को जानते हैं, उनके लिए यह उनकी असली पहचान जैसा है. पुष्पा सिंह की कहानी सिर्फ कैंसर से लड़ने की नहीं है—यह कहानी है उठ खड़े होने की, जीने की, और दूसरों के लिए सहारा बनने की. साल 2014 में उन्होंने अ ...
रिंकू सिंह भारतीय कैंप को छोड़कर पिता के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए अपने पैतृक स्थान अलीगढ़ पहुंचे। जहां उन्होंने अपने पिता की अर्थी को कंधा दिया। ...
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कैंसर के इलाज को किफायती बनाने के लिए 17 जीवन रक्षक दवाओं पर बेसिक कस्टम ड्यूटी (मूल सीमा शुल्क) को पूरी तरह से समाप्त कर दिया था, जिससे इन दवाओं की कीमतें और कम होंगी. ...
रिपोर्ट किए गए मामलों की संख्या 2021 में 70 से बढ़कर 2025 में 73 हो गई, जबकि मृत्यु दर काफी हद तक स्थिर रही, 2021 और 2022 में 38 मौतों से बढ़कर 2023 के बाद से 39 मौतें हो गईं। ...